सोने के शहर में मिला खजाना, सैकड़ों साल पुराने जार में ‘पन्ना’ भरा देख वैज्ञानिक भी हैरान

बोगोटा। कोलम्बिया में सोने के शहर के नाम से मशहूर एल डोराडो में पुरातत्वविदों के हाथ खजाना लगा है। प्राचीन शहर का उत्खनन कर रहे वैज्ञानिकों ने आठ सिरेमिक जार को खोजा है। सभी जारों के अंदर धातु की मूर्तियां और पन्ने भरे हुए हैं। यह खजाना एक मंदिर और कब्रों के पास रखा हुआ था। माना जा रहा है कि प्राचीन मुइस्का लोगों (चिब्चा) ने लगभग 600 साल पहले ऑफरेन्डैटेरियोस नाम के ऐसे जार तैयार किए थे।

मुइस्का सभ्यता से संबंधित हैं जार
लााइव साइंस की रिपोर्ट के अनुसार, मुइस्का लोगों की सभ्यता अपने मेटल क्राफ्टिंग स्किल के लिए प्रसिद्ध थी। उस समय इस क्षेत्र में मुइस्का लोगों की सभ्यता काफी फली-फूली भी थी। इस खोज के बाद सोने के शहर के नाम से मशहूर एल डोराडो एक बार फिर से चर्चा में आ गया है। दक्षिण अमेरिका में लोगों का मानना है कि एल डोराडो को सोने से बनाया गया था।

स्पेनिश हमले ने सभ्यता को किया खत्म
1537 से 1540 के बीच इस क्षेत्र में कई बड़े युद्ध लड़े गए। ऐसे ही एक जंग में स्पैनिश सेना ने मुइस्का लोगों को हराकर जीत हासिल की थी। बताया जाता है कि इस युद्ध में लाखों की संख्या में मुइस्का लोगों की मौत हुई थी, जबकि हजारों लोग बीमारियों के कारण मारे गए। इसके बावजूद इस जनजाति के हजारों वंशज आज भी जीवित हैं।

मंदिर और कब्रों के पास मिला खजाना
पुरातत्वविदों ने कोलंबिया की आधुनिक राजधानी बोगोटा के पास स्थित एक प्राचीन मुइस्का शहर के अवशेषों में मंदिर और कब्रों का खुलासा किया था। जिसके बाद पुरातत्वविद फ्रांसिस्को कोरिया के नेतृत्व में खोज कर रही टीम को एक निर्माणाधीन सड़क की साइट के पास इन सिरेमिक जारों का जखीरा मिला है।

मूर्तियों और पन्ने को देख चौंके वैज्ञानिक
टीम ने बताया जार के अंदर मिली कई मूर्तियां सांप और दूसरे जानवरों की तरह दिखती हैं। इनमें कई मूर्तियां ऐसी भी हैं जिसमें लोग सिर पर अधिक कपड़े लपेटे और हथियारों के साथ दिख रहे हैं। माना जा रहा है कि इन मूर्तियों को मंदिर में पूजा के दौरान अर्पित किया गया था। जबकि, कई जार तो पन्ने जैसे महंगे रत्नों से भरे हुए मिले हैं।