रक्षाबंधन पर कभी भी इस समय में भाई को न बांधे राखी, होता है अशुभ

नई दिल्‍ली: 20 जुलाई 2021 से सावन का महीना शुरू होने वाला है. इस महीने में रक्षाबंधन (Raksha Bandhan) का त्योहार आता है, जो कि हिंदू धर्म का प्रमुख त्‍योहार है. भाई-बहन के पवित्र रिश्‍ते का यह पर्व सावन महीने के शुक्‍ल पक्ष की पूर्णिमा को मनाया जाता है. इस बार यह त्‍योहार 22 अगस्‍त, रविवार को है.

रक्षा बंधन 2021 का शुभ मुहूर्त
सावन पूर्णिमा तिथि का प्रारंभ: 21 अगस्त 2021 की शाम 03:45
सावन पूर्णिमा तिथि का समापन: 22 अगस्त 2021 की शाम 05:58 मिनट तक
रक्षा बंधन के लिए शुभ मुहूर्त: 22 अगस्त 2021 को सुबह 05:50 से शाम 06:03 तक
रक्षा बंधन की समयावधि: 12 घंटे 11 मिनट

अपने भाई की लंबी आयु, सुख-समृद्धि भरे जीवन की कामना करते हुए बहनें भाई को राखी (Rakhi) बांधती हैं. भाई अपनी बहन को पूरी जिंदगी रक्षा करने का वचन देते हैं. भाई को राखी बांधने के लिए बहन थाली सजाती हैं. थाली में कुमकुम, हल्दी, अक्षत, राखी के साथ कलश में पानी और आरती के लिए दीपक रखते हैं, इसके साथ ही भाई की पसंदीदा मिठाई भी उसे खिलाते हैं.

विधि
भद्राकाल में नहीं बांधी जाती राखी
ज्‍योतिष में हर त्‍योहार को मनाने के लिए पूजा करने के शुभ समय बताए गए हैं. रक्षाबंधन की बात करें तो ज्योतिषाचार्यों के अनुसार भद्राकाल में राखी बांधना (Rakhi Bandhna) अशुभ होता है क्‍योंकि राहु और भद्रा के समय शुभ काम करने की मनाही होती है. इसके पीछे कारण है कि रावण को उसकी बहन सूर्पणखा ने भद्रा काल में ही राखी बांधी थी और इसके एक साल के अंदर ही रावण मारा गया था.

(नोट: इस लेख में दी गई सूचनाएं सामान्य जानकारी और मान्यताओं पर आधारित हैं. )