पहचान बदल इलाज कराने सरकारी अस्पताल पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री, जानें फिर क्या हुआ

नई दिल्ली: कोरोना वायरस महामारी के बीच केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया (Mansukh Mandaviya) एक्शन में हैं और लगातार अधिकारियों के साथ समीक्षा कर रहे हैं. इस बीच स्वास्थ्य मंत्री 31 अगस्त की रात दिल्ली के एक सरकारी अस्पताल में पहचान बदलकर इलाज कराने पहुंचे और अस्पताल की व्यवस्था के काफी प्रभावित हुए. इसके बाद उन्होंने इलाज करने वाले डॉक्टर को बुला कर मंत्रालय में सम्मानित किया.

स्वास्थ्य मंत्री ने की डॉक्टर की तारीफ
मनसुख मांडविया (Mansukh Mandaviya) ने ट्वीट कर कहा, ‘CGHS सेवा की व्यवस्था को परखने के लिए मैं एक सामान्य रोगी बनकर दिल्ली की एक डिस्पेंसरी में गया. मुझे खुशी हुई कि वहां कार्यरत डॉक्टर अरविंद कुमार जी की ड्यूटी के प्रति कर्तव्यनिष्ठा और उनका सेवा भाव प्रेरित करने वाला है. अपने कार्य के प्रति उनके समर्पण की मैं सराहना करता हूं.’

अगले दिन डॉक्टर का किया सम्मान
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया (Mansukh Mandaviya) ने इलाज करने वाले डॉक्टर अरविंद कुमार को अगले दिन मंत्रालय बुलाया और उन्हें सम्मानित किया. डॉक्टर को लिखे पत्र में स्वास्थ्य मंत्री ने कहा, ‘आपकी विनम्रता, विशेषज्ञता और काम के प्रति समर्पण देश भर के सभी डॉक्टरों के लिए प्रेरणादायी है.’पत्र में स्वास्थ्य मंत्री ने लिखा, ‘अगर देश के सभी सीजीएचएस डॉक्टर, अन्य डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी अपने यहां आने वाले मरीजों का इलाज इसी संवेदना के साथ करें तो हम सब मिलकर प्रधानमंत्री मोदी जी के ‘स्वस्थ भारत’ का सपना पूरा कर पाएंगे.’

टीबी के खिलाफ लड़ाई की समीक्षा की
इसके बाद स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने गुरुवार को सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के स्वास्थ्य मंत्रियों और स्वास्थ्य सचिवों के साथ बातचीत की. इस दौरान केंद्रीय मंत्री ने टीबी को खत्म करने के लिए किए जा रहे महत्वपूर्ण कार्यों में हुई प्रगति की समीक्षा की. बैठक में छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री टी.एस. सिंह देव, बिहार से मंगल पांडे, हरियाणा से अनिल विज, दिल्ली से सत्येंद्र जैन, महाराष्ट्र से राजेश टोपे समेत अन्य राज्यों के स्वास्थ्य मंत्रियों ने हिस्सा लिया. टीबी को खत्म करने के लिए स्वास्थ्य मंत्री ने राज्यों को नियमित रूप से बातचीत करने का सुझाव दिया ताकि इस दिशा में किए जा रहे कार्यों पर चर्चा की जा सके.