अभी-अभी: टूटा कुदरत का कहर, तूफान ने मचाई भयानक तबाही, 41 की मौत

न्यूयॉर्क: तूफान इडा (Hurricane Ida) की वजह से अचानक आई बाढ़ ने न्यूयॉर्क (New York) में तबाही मचाई है। अभी तक इस तूफान की वजह से 41 लोगों की मौत हो गई है जबकि कई लोग लापता भी बताए जा रहे हैं। रिकॉर्ड बारिश की वजह से न्यूयॉर्क शहर में आई भयानक बाढ़ की वजह से सड़कें में तब्दील हो गई और मेट्रो सेवाओं को बंद कर दिया क्योंकि पानी पटरियों पर प्लेटफार्मों के नीचे तक भर गया था। कई घरों के बेसमेंट में पूरी तरह पानी भरा हुआ है।

लोगों ने पहली बार देखी इतनी बारिश
मेटोडिजा मिहाजलोव नाम के शख्स ने एएफपी से बात करते हुए बताया, ‘मैं 50 साल का हूं और मैंने इतनी बारिश कभी नहीं देखी। मेरा मैनहट्टन रेस्तरां का बेसमेंट पानी से भर गया है। यह जंगल में रहने जैसा था, उष्णकटिबंधीय बारिश की तरह। अविश्वसनीय। इस साल सब कुछ बहुत अजीब हो रहा है।’ लागार्डिया और जेएफके हवाई अड्डों के साथ-साथ न्यूयॉर्क में सैकड़ों उड़ानें रद्द कर दी गईं। यहां वीडियो में बारिश के पानी से भरा एक टर्मिनल साफ नजर आ रहा है।

कई लोगों की बेसमेंट में ही दर्दनाक मौत
मैनहट्टन, द ब्रोंक्स और क्वींस सहित न्यू जर्सी और न्यूयॉर्क बोरो में बाढ़ ने प्रमुख सड़कों को बंद कर दिया है। सड़कों पर खड़े वाहन पानी में डूबे नजर आ रहा है। सैकड़ों लोगों को बचाने के लिए अग्निशमन विभाग मदद में लगा हुआ है। गवर्नर फिल मर्फी ने संवाददाताओं को बताया कि न्यू जर्सी में कम से कम 23 लोगों की मौत हो गई है। इन मौतों में से अधिकांश ऐसे व्यक्ति थे जो अपने वाहनों में फंस गए थे। न्यूयॉर्क शहर में 12 लोगों की मौत हो गई, जिनमें 11 ऐसे हैं जो अपने बेसमेंट से बाहर नहीं निकल सके। पीड़ितों की उम्र 2 से 86 साल के बीच थी।

न्यूयॉर्क में लगा आपातकाल
न्यूयॉर्क के एफडीआर ड्राइव और ब्रोंक्स रिवर पार्कवे बुधवार देर शाम तक जलमग्न थे। सबवे स्टेशनों और पटरियों पर बाढ़ का इतना पानी आ गया कि मेट्रोपॉलिटन ट्रांसपोर्टेशन अथॉरिटी ने सभी सेवाओं को निलंबित कर दिया। ऑनलाइन पोस्ट किए गए वीडियो में मेट्रो सवार पानी से भरी कोच में सीटों पर खड़े दिखाई दे रहे हैं। न्यूयॉर्क के मेयर बिल डी ब्लासियो ने बुधवार देर रात न्यूयॉर्क शहर में आपातकाल की स्थिति की घोषणा करते हुए कहा था, ‘हम आज रात शहर में रिकॉर्ड तोड़ बारिश, भयंकर बाढ़ और सड़कों पर खतरनाक परिस्थितियों के साथ एक ऐतिहासिक मौसम की घटना का सामना कर रहे हैं।’